खरसिया के ग्राम कुनकुनी में सर्वे कार्य का किया भौतिक सत्यापन, खसरे के रकबे और वास्तविक फसल का मिलान करने के निर्देश
रायगढ़, 13 अक्टूबर 2026। जिले में डिजिटल क्रॉप सर्वे को पारदर्शी, सटीक और त्रुटिरहित बनाने के लिए कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी ने मंगलवार को खरसिया अनुविभाग के ग्राम कुनकुनी का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने खेत में पहुंचकर सर्वेयर द्वारा किए जा रहे डिजिटल क्रॉप सर्वे का भौतिक सत्यापन किया और खसरे में दर्ज रकबे का खेत की वास्तविक स्थिति से मिलान किया। कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्धारित समय-सीमा में सर्वे का काम पूरा करने और आंकड़ों की शुद्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
खेतों में पहुंचकर करें फसल का सत्यापन
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने डिजिटल क्रॉप सर्वे की प्रक्रिया की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि प्रत्येक खसरे में बोई गई फसल और उसके वास्तविक क्षेत्रफल का सही विवरण दर्ज किया जाना चाहिए। सर्वेयर किसानों के खेतों तक पहुंचकर फसल की वास्तविक स्थिति का सत्यापन करें। इसके साथ ही सॉफ्टवेयर में फसल की तस्वीर अपलोड करने, जियो-टैगिंग और अन्य जरूरी प्रक्रियाओं को निर्धारित नियमों के अनुसार पूरा किया जाए।
कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि सर्वे के दौरान किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। सर्वे केवल कागजी औपचारिकता तक सीमित न रहे, बल्कि खेत में मौजूद वास्तविक फसल की स्थिति के आधार पर आंकड़े दर्ज किए जाएं।
राजस्व अधिकारियों को नियमित निगरानी के निर्देश
कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी ने एसडीएम और राजस्व अधिकारियों को सर्वे कार्य की नियमित निगरानी करने तथा ग्रामवार प्रगति की समीक्षा करने के निर्देश दिए। उन्होंने खसरों की जियो-रेफरेंसिंग, पॉलीगॉन निर्माण, फसल की वास्तविक स्थिति के सत्यापन और सर्वे से जुड़े आंकड़ों की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने को कहा।
उन्होंने यह भी निर्देशित किया कि जिन खसरों के नक्शे उपलब्ध नहीं हैं या जिनकी जियो-रेफरेंसिंग की प्रक्रिया पूरी नहीं हुई है, उनकी पहचान कर आवश्यक कार्रवाई की जाए, ताकि सर्वे में किसी प्रकार की कमी न रह जाए।
90 प्रतिशत काम पूरा होने वाले क्षेत्रों पर विशेष फोकस
कलेक्टर ने कहा कि जिन क्षेत्रों में डिजिटल क्रॉप सर्वे का 90 प्रतिशत या उससे अधिक काम पूरा हो चुका है, वहां शेष कार्यों को तेजी से पूरा करने के लिए स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित किए जाएं। उन्होंने सर्वे के आंकड़ों में त्रुटि मिलने पर तत्काल सुधार करने के निर्देश भी दिए।
कलेक्टर ने दोहराया कि डिजिटल क्रॉप सर्वे में पारदर्शिता और सटीकता सर्वोपरि है। इसलिए सर्वेयर और संबंधित अधिकारी वास्तविक स्थिति के आधार पर जानकारी दर्ज करें तथा तय समय-सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण कार्य पूरा करना सुनिश्चित करें।











