दानदाताओं ने निजी भूमि दान कर रचा विकास का नया इतिहास
लैलूंगा/कुंजारा।

रिपोर्ट ~ हीरालाल राठिया लैलूंगा
क्षेत्र के विकास को नई दिशा देने वाली एक बड़ी सौगात के रूप में कुंजारा–गेमकेला मार्ग पर खारुन नदी में 4.81 करोड़ रुपये की लागत से पुलिया निर्माण का मार्ग प्रशस्त हो गया है। इस बहुप्रतीक्षित पुलिया के निर्माण से गेमकेला, जतरा तथा आसपास के ग्रामीण अंचलों के लोगों को आवागमन में भारी राहत मिलेगी और वर्षों पुरानी कठिनाई का स्थायी समाधान होगा।
अब तक गेमकेला, जतरा और आसपास के गांवों के ग्रामीणों को लैलूंगा जनपद मुख्यालय, थाना, अस्पताल, कॉलेज तथा अन्य आवश्यक शासकीय सेवाओं तक पहुंचने के लिए पाकरगांव होते हुए लंबी दूरी तय करनी पड़ती थी। बरसात के दिनों में यह समस्या और भी विकराल हो जाती थी, जिससे ग्रामीणों को काफी परेशानी उठानी पड़ती थी।
लेकिन खारुन नदी पर पुलिया बन जाने के बाद गमेकेला से कुंजारा होते हुए लैलूंगा की दूरी अब मात्र लगभग 3 किलोमीटर रह जाएगी, जिससे क्षेत्र में आवागमन, शिक्षा, स्वास्थ्य और प्रशासनिक सेवाओं तक पहुंच बेहद आसान हो जाएगी।
किसानों और ग्रामीणों को मिलेगा सबसे बड़ा लाभ
यह पुलिया केवल एक निर्माण कार्य नहीं, बल्कि ग्रामीण जीवन और कृषि व्यवस्था को सशक्त करने वाला महत्वपूर्ण आधारभूत विकास कार्य साबित होगा।
कुंजारा और आसपास के किसानों को बरसात के मौसम में खेतों तक पहुंचने में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था। खेतों तक बैल, ट्रैक्टर, कृषि उपकरण और मवेशियों को ले जाना लगभग असंभव हो जाता था।
अब पुलिया निर्माण के बाद कृषि कार्यों में तेजी आएगी, खेतों तक पहुंच सुगम होगी और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई गति मिलेगी।
दानदाताओं का जज्बा बना मिसाल, निजी भूमि दान कर बढ़ाया विकास का हाथ
इस ऐतिहासिक विकास कार्य की सबसे प्रेरणादायक बात यह रही कि गांव के कई दानवीरों और जागरूक ग्रामीणों ने स्वेच्छा से अपनी निजी भूमि दान कर जनहित और विकास के प्रति अद्वितीय उदाहरण प्रस्तुत किया है।
इन दानदाताओं ने यह साबित कर दिया कि जब समाज विकास के लिए एकजुट होता है, तो बड़े से बड़ा सपना भी साकार हो सकता है।
ग्रामीणों का यह त्याग और सहयोग न केवल पुलिया निर्माण को संभव बनाने में सहायक बना, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए भी सामूहिक भागीदारी और जनसेवा की प्रेरक मिसाल बन गया है।
क्षेत्र के विकास को मिलेगी नई रफ्तार
पुलिया निर्माण के बाद गमेकेला , कुंजारा, जतरा तथा आसपास के गांवों का संपर्क लैलूंगा से और अधिक मजबूत होगा। इससे
शिक्षा तक पहुंच आसान होगी
मरीजों को अस्पताल पहुंचने में सुविधा मिलेगी
प्रशासनिक एवं राजस्व कार्यों में समय बचेगा
व्यापार और कृषि गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा
बरसात में आवागमन की समस्या से स्थायी राहत मिलेगी
यह पुलिया आने वाले समय में ग्रामीण विकास, सामाजिक सुविधा और आर्थिक उन्नति का मजबूत आधार सिद्ध होगी।







