00 सुशासन तिहार 2026 बना जनसमस्याओं के समाधान का प्रभावी माध्यम, मिल रहा व्यापक जनसमर्थन
00 मोहरसोप शिविर में 872 आवेदन प्राप्त, 275 का मौके पर ही निराकरण

रायपुर। महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने कहा कि “सुशासन तिहार राज्य शासन की ऐसी अभिनव पहल है, जिसके माध्यम से शासन और प्रशासन स्वयं ग्रामीणों के द्वार तक पहुंचकर उनकी समस्याओं का त्वरित, पारदर्शी और संवेदनशील समाधान सुनिश्चित कर रहा है।” उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में यह अभियान अंत्योदय की भावना को साकार कर रहा है और शासन की जनहितैषी सोच का सशक्त उदाहरण बन चुका है।उन्होंने यह उद्बोधन जनपद पंचायत ओड़गी के ग्राम पंचायत मोहरसोप, जिला सूरजपुर में आयोजित सुशासन तिहार 2026 के अंतर्गत जनसमस्या निवारण शिविर में मुख्य अतिथि के रूप में दिया। इस अवसर पर दूरस्थ ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में पहुंचे लोगों ने अपनी समस्याएं, मांगें और शिकायतें प्रस्तुत कीं, जिनका मौके पर ही समाधान कर प्रशासन ने संवेदनशीलता का परिचय दिया।
मंत्री राजवाड़े ने शिविर में पहुंचकर ग्रामीणों की समस्याओं को आत्मीयता और गंभीरता से सुना तथा संबंधित अधिकारियों को त्वरित निराकरण के निर्देश दिए। उनकी सहजता और संवेदनशील व्यवहार से ग्रामीणों में विशेष विश्वास का वातावरण बना। मंत्री राजवाड़े ने कहा कि राज्य शासन का उद्देश्य है कि ग्रामीणों को छोटी-छोटी समस्याओं के लिए कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें, बल्कि गांव स्तर पर ही समाधान उपलब्ध हो। इसी उद्देश्य से प्रत्येक ग्राम पंचायत में शिविर आयोजित कर आमजन से सीधा संवाद स्थापित किया जा रहा है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी प्राप्त आवेदनों पर समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण कार्यवाही सुनिश्चित करें, ताकि पात्र हितग्राही योजनाओं से वंचित न रहें।
शिविर स्थल पर विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टॉल ग्रामीणों के लिए आकर्षण का केंद्र रहे। यहां आयुष्मान कार्ड, राशन कार्ड, पेंशन, महतारी वंदन योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना, मनरेगा एवं उज्ज्वला योजना सहित अनेक योजनाओं की जानकारी दी गई तथा पात्र हितग्राहियों को मौके पर ही लाभान्वित भी किया गया।
उल्लेखनीय है कि इस शिविर में कुल 872 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें 828 मांग एवं 44 शिकायत से संबंधित थे। त्वरित कार्यवाही करते हुए 275 आवेदनों का मौके पर ही निराकरण किया गया, जिनमें 264 मांग और 11 शिकायतें शामिल हैं। शेष आवेदनों के निराकरण हेतु संबंधित विभागों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं। शिविर में समस्याओं का त्वरित समाधान मिलने से ग्रामीणों में संतोष का माहौल देखने को मिला। उन्होंने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय एवं राज्य शासन के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस पहल ने प्रशासन और आमजन के बीच की दूरी को कम कर दिया है।कार्यक्रम में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री विजेन्द्र सिंह पाटले, जनपद पंचायत ओड़गी के अधिकारीगण, विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी, जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे।







