गरबा-डांडिया आयोजन की पूर्व सूचना देना अनिवार्य, विसर्जन, ध्वनि व्यवस्था और आयोजन की गरिमा बनाए रखने पर प्रशासन का जोर
रायगढ़, 30 सितंबर 2026। दुर्गोत्सव के दौरान जिले में शांति, सुरक्षा और बेहतर व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के उद्देश्य से कलेक्ट्रेट स्थित सृजन सभाकक्ष में शांति समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में दुर्गोत्सव आयोजन समितियों के प्रतिनिधियों के साथ प्रशासन, पुलिस, नगर निगम, यातायात, विद्युत, स्वास्थ्य और नगर सेना विभाग के अधिकारी मौजूद रहे।

बैठक में दुर्गोत्सव के दौरान होने वाले विभिन्न आयोजनों, गरबा-डांडिया कार्यक्रमों, प्रतिमा विसर्जन, यातायात व्यवस्था, ध्वनि नियंत्रण और सुरक्षा इंतजामों को लेकर विस्तार से चर्चा की गई।
गरबा और डांडिया आयोजन की पहले देनी होगी सूचना
प्रशासन ने आयोजन समितियों को निर्देश दिया कि गरबा और डांडिया कार्यक्रम आयोजित करने से पहले इसकी सूचना प्रशासन को दी जाए। अधिकारियों ने बताया कि आयोजन की जानकारी समय पर मिलने से संबंधित स्थल पर साफ-सफाई, बिजली, सुरक्षा, यातायात सहित अन्य जरूरी व्यवस्थाएं पहले से सुनिश्चित की जा सकेंगी।
समितियों से आयोजन के दौरान प्रशासन और पुलिस की ओर से जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील भी की गई।
प्रतिमा विसर्जन के लिए तय व्यवस्था का करें पालन
बैठक में दुर्गा प्रतिमाओं के विसर्जन को लेकर भी चर्चा हुई। आयोजन समितियों को निर्धारित व्यवस्था और नियमों के अनुरूप ही प्रतिमाओं का विसर्जन करने के निर्देश दिए गए।
प्रशासन ने स्पष्ट किया कि विसर्जन के दौरान भीड़ प्रबंधन, यातायात और सुरक्षा से जुड़े निर्देशों का पालन करना जरूरी होगा, ताकि त्योहार के दौरान किसी तरह की अव्यवस्था की स्थिति न बने।
गरबा आयोजन में मर्यादा और गरिमा बनाए रखने पर जोर
एडीएम अपूर्व प्रियेश टोप्पो ने गरबा और डांडिया कार्यक्रमों में आयोजन की गरिमा एवं मर्यादा बनाए रखने पर जोर दिया। उन्होंने आयोजकों को आपत्तिजनक या अमर्यादित गीत नहीं बजाने के निर्देश दिए।
उन्होंने कार्यक्रम स्थलों पर शालीन और गरिमापूर्ण वातावरण बनाए रखने की बात कही। साथ ही प्रतिभागियों से भी आयोजन की गरिमा के अनुरूप व्यवहार और वेशभूषा का ध्यान रखने की अपेक्षा की गई।
नशे से दूर रहने और ध्वनि नियमों के पालन की अपील
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अनिल सोनी ने आयोजन के दौरान किसी भी प्रकार के नशे का सेवन नहीं करने और अनुशासन बनाए रखने के निर्देश दिए। उन्होंने ध्वनि विस्तारक यंत्रों के इस्तेमाल में निर्धारित नियमों का पालन सुनिश्चित करने की बात कही।
एएसपी ने आयोजकों से धार्मिक एवं भक्ति भाव से जुड़े गीतों को प्राथमिकता देने की अपील भी की।
कई विभागों के अधिकारी और आयोजन समितियां रहीं मौजूद
बैठक में एसडीएम रायगढ़, तहसीलदार, शहर के थाना प्रभारी, यातायात पुलिस शाखा, नगर निगम के उपायुक्त सहित नगर सेना, विद्युत और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी मौजूद रहे। इसके अलावा शहर की विभिन्न दुर्गोत्सव आयोजन समितियों के प्रतिनिधियों ने भी बैठक में हिस्सा लिया।
प्रशासन ने सभी समितियों से समन्वय के साथ दुर्गोत्सव मनाने और सुरक्षा एवं व्यवस्था से जुड़े दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की।






