रायगढ़, 11 सितम्बर 2026/ जिले में नशे की समस्या से प्रभावित व्यक्तियों को उपचार एवं पुनर्वास की बेहतर सुविधा उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की गई है। राज्य शासन के निर्देशों के पालन में कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी के मार्गदर्शन में स्वास्थ्य विभाग द्वारा 10 बिस्तर जिला नशा मुक्ति केंद्र, लोईंग की सेवाएं प्रारंभ की गई हैं। केंद्र के सुचारू संचालन के लिए आवश्यक मानव संसाधन, चिकित्सकीय सुविधाएं, दवाइयां और अन्य जरूरी व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गई हैं।
जिला नशा मुक्ति केंद्र में नशे की लत से प्रभावित व्यक्तियों को उनकी स्वास्थ्य स्थिति के अनुसार आवश्यक चिकित्सकीय उपचार उपलब्ध कराया जाएगा। इसके साथ ही मरीजों को नशे के दुष्प्रभावों से अवगत कराने, नशे की आदत से बाहर निकलने के लिए मानसिक रूप से तैयार करने तथा उपचार के दौरान आवश्यक सहयोग देने के लिए काउंसलिंग की सुविधा भी उपलब्ध रहेगी।
चिकित्सकीय निगरानी के साथ आवश्यक दवाइयों की व्यवस्था
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अनिल कुमार जगत ने बताया कि केंद्र का प्रमुख उद्देश्य नशे की लत से प्रभावित व्यक्तियों को उपचार के माध्यम से स्वस्थ एवं सामान्य जीवन की ओर वापस लाना है। केंद्र में मरीजों की स्वास्थ्य स्थिति के अनुसार आवश्यक औषधियां एवं उपचार उपलब्ध कराया जाएगा। उपचार के दौरान मरीजों के स्वास्थ्य की नियमित निगरानी की जाएगी। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए आवश्यक चिकित्सा उपकरणों की व्यवस्था भी केंद्र में की गई है। मरीजों की देखभाल एवं केंद्र के व्यवस्थित संचालन के लिए केयरटेकर, सिक्योरिटी गार्ड और प्रशिक्षित काउंसलर की सेवाएं उपलब्ध रहेंगी। काउंसलर द्वारा मरीजों को नशे से होने वाले शारीरिक एवं मानसिक दुष्प्रभावों की जानकारी देने के साथ उन्हें नशामुक्त जीवन के लिए प्रेरित किया जाएगा।
उपचार के साथ पुनर्वास पर भी रहेगा विशेष जोर
जिला नशा मुक्ति केंद्र की सेवाओं का उद्देश्य केवल नशे की आदत छुड़ाना ही नहीं, बल्कि मरीजों को सामान्य सामाजिक जीवन में वापस लाने और उनके समग्र पुनर्वास में सहयोग करना भी है। उपचार एवं काउंसलिंग के माध्यम से मरीजों को मानसिक रूप से सशक्त बनाने तथा नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित किया जाएगा। उपचार के बाद परिवार एवं समाज की मुख्यधारा से जुड़ने और सामान्य जीवन जीने के लिए आवश्यक मार्गदर्शन एवं सहयोग प्रदान किया जाएगा। सीएमएचओ डॉ. अनिल जगत ने कहा कि नशे की समस्या से प्रभावित व्यक्ति को समय पर उचित उपचार, चिकित्सकीय निगरानी, काउंसलिंग और परिवार का सहयोग मिलने पर वह नशे की लत से बाहर निकलकर स्वस्थ जीवन की ओर लौट सकता है। लोईंग में जिला नशा मुक्ति केंद्र की सेवाएं प्रारंभ होने से जिले में नशे से प्रभावित व्यक्तियों को स्थानीय स्तर पर उपचार, परामर्श और पुनर्वास की समुचित सुविधा उपलब्ध होगी।








