महिला स्वसहायता समूहों ने बदली पोषण आहार आपूर्ति की तस्वीर

00 कच्चे माल की तैयारी से लेकर उत्पादन, पैकेजिंग, भंडारण, गुणवत्ता परीक्षण और परिवहन की भी जिम्मेदारी संभाल रहीं
रायपुर। छत्तीसगढ़ शासन की दूरदर्शी पहल के तहत जब आंगनबाड़ी केंद्रों में वितरित किए जाने वाले पोषण आहार के स्थानीय निर्माण और वितरण की जिम्मेदारी महिला स्वसहायता समूहों को सौंपी गई, तब किसी ने नहीं सोचा था कि यह कदम महिलाओं के जीवन में इतना बड़ा परिवर्तन ला देगा। पहले यह कार्य बीज विकास निगम के माध्यम से किया जाता था, लेकिन महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने और स्थानीय स्तर पर आजीविका के अवसर बढ़ाने के लिए यह महत्वपूर्ण जिम्मेदारी महिला स्वसहायता समूहों को दी गई। यह बदलाव उनकी सफलता की कहानी का आधार बना।

 विशेष लेख : महिला स्वसहायता समूहों ने बदली पोषण आहार आपूर्ति की तस्वीर

कोरबा जिले में इसे अमल में लाने के लिए चयनित महिला स्वसहायता समूहों को उत्पादन तकनीक, गुणवत्ता नियंत्रण, पैकेजिंग और प्रबंधन का विशेष प्रशिक्षण प्रदान किया गया। आधुनिक उत्पादन इकाईयाँ भी स्थापित की गईं। मशीनरी, पैकेजिंग उपकरण और भंडारण सुविधाओं से लैस इन इकाईयों ने ग्रामीण महिलाओं के लिए नया कार्यस्थल और नया दृष्टिकोण दोनों दिया। जब उत्पादन शुरू हुआ, तब कच्चे माल की तैयारी, उत्पादन, पैकेजिंग, भंडारण, गुणवत्ता परीक्षण और परिवहन जैसी सभी जिम्मेदारियों को महिला समूहों ने अद्भुत दक्षता के साथ संभाल लिया। सिर्फ समूह सदस्य ही नहीं, बल्कि सहायक स्टाफ में भी महिलाओं को प्राथमिकता मिली, जिससे रोजगार के अवसर और बढ़े।

 विशेष लेख : महिला स्वसहायता समूहों ने बदली पोषण आहार आपूर्ति की तस्वीर

इन इकाईयों में रोजाना काम करते हुए महिलाओं के कौशल में तेजी से वृद्धि हुई। वे सहभागी नहीं रहीं, बल्कि निर्णयकर्ता बन गईं। उनके प्रबंधन कौशल में सुधार हुआ, नेतृत्व क्षमता निखरी और सामूहिक निर्णय लेने की शक्ति मजबूत हुई। सबसे बड़ी बात की अब ये महिलाएं अपने परिवार की आर्थिक गतिविधियों में अग्रणी भूमिका निभाने लगीं। पोषण आहार निर्माण से प्राप्त नियमित आय ने महिलाओं के जीवन में स्थिरता ला दी। आर्थिक रूप से सशक्त होने से उनकी पारिवारिक स्थिति मजबूत हुई और आत्मविश्वास कई गुना बढ़ा।

 विशेष लेख : महिला स्वसहायता समूहों ने बदली पोषण आहार आपूर्ति की तस्वीर

महिला समूह अब लगभग 72 हजार हितग्राहियों को गुणवत्तापूर्ण टेक-होम राशन उपलब्ध कराने जा रही हैं। इससे न केवल आंगनबाड़ी केंद्रों को समय पर आपूर्ति सुनिश्चित होगी, बल्कि यह भी सिद्ध होगा कि गाँव की महिलाएं किसी भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी को उत्कृष्टता से निभाने में दक्ष और सक्षम हैं।

चंद्रशेखर जायसवाल
चंद्रशेखर जायसवाल
OWNER/EDITOR - CHANDRASHEKHAR JAISAWAL Mo.-9340765733
spot_img
spot_img

अपना न्यूज़ पोर्टल - 9340765733

spot_img
spot_img
spot_img

Recent Posts

लैलूँगा में अवैध उत्खनन का खेल बेखौफ! जेसीबी-ट्रैक्टर से धरती का सीना चीर रहे माफिया, राजस्व विभाग बना मूकदर्शक

संपादक : चंद्रशेखर जायसवाल | Cglive24.co.inलैलूंगा। लैलूंगा क्षेत्र में इन दिनों अवैध उत्खनन का कारोबार खुलेआम फल-फूल रहा है। बिना किसी वैध अनुमति और...

CHHATTISGARH NEWS

महतारी वंदन eKYC के नाम पर शुल्क लेने वालों पर होगी कड़ी कार्यवाहीमहतारी वंदन eKYC निशुल्क है, पैसे वसूलने वालों के खिलाफ होगी कार्यवाहीeKYC...

हितग्राहियों से पैसे वसूलने वालों पर होगी कानूनी कार्यवाहीमहतारी वंदन eKYC में किसी प्रकार का शुल्क न दें, वसूली करने वालों पर होगी सख्त...

RAIGARH NEWS

जिला स्तरीय बैठक में शामिल हुए शिवशंकर पैंकरा ब्लॉक युवा अध्यक्ष लैलूँगा सर्व आदिवासी समाज छत्तीसगढ़ की जिला स्तरीय बैठक में लैलूँगा का प्रतिनिधित्वसामाजिक...

रायगढ़ से उठी आदिवासी एकता की आवाज, शासन को सौंपा जाएगा संयुक्त ज्ञापनपेसा, वनाधिकार और आरक्षण संरक्षण की मांग को लेकर आदिवासी समाज का...