

कोतबा से प्रवीण शर्मा की रिपोर्ट
लिखित शिकायत के बावजूद नहीं जागा बिजली विभाग, BDC ने भी उठाई आवाज; ग्रामीण बोले– “हादसा हुआ तो जिम्मेदार कौन?”
जशपुर/कोतबा। जशपुर जिले के कोतबा नगर पंचायत अंतर्गत ग्राम पंचायत फरसाटोली–घोघरा के ग्रामीण पिछले चार दिनों से अंधेरे में जिंदगी गुजारने को मजबूर हैं। गांव का विद्युत ट्रांसफार्मर खराब (फुंक) हो जाने से पूरे गांव की बिजली व्यवस्था ठप पड़ी हुई है। ग्रामीणों और क्षेत्र के बीडीसी सदस्य द्वारा बिजली विभाग को लिखित शिकायत सौंपे जाने के बावजूद अब तक ट्रांसफार्मर नहीं बदला गया है, जिससे लोगों में भारी नाराजगी है।
ग्रामीणों का कहना है कि लगातार हो रही बारिश के बीच पूरा गांव अंधेरे में डूबा हुआ है। यह इलाका जंगल से लगा होने के कारण रात के समय सांप, बिच्छू और अन्य जहरीले जीवों का खतरा बना रहता है। बिजली नहीं होने से बच्चों की पढ़ाई, पेयजल व्यवस्था और दैनिक जीवन भी पूरी तरह प्रभावित हो गया है।
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि कई बार शिकायत करने के बावजूद बिजली विभाग के अधिकारी केवल आश्वासन दे रहे हैं, लेकिन समस्या का समाधान नहीं किया जा रहा है। लोगों का कहना है कि यदि किसी प्रकार की जनहानि या बड़ा हादसा होता है तो इसकी पूरी जिम्मेदारी बिजली विभाग और संबंधित प्रशासन की होगी।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द से जल्द नया ट्रांसफार्मर लगाकर बिजली बहाल नहीं की गई तो वे बिजली विभाग के खिलाफ उग्र आंदोलन करने के लिए मजबूर होंगे।
जनता का सवाल
“चार दिन से अंधेरे में गांव… आखिर बिजली विभाग कब जागेगा? क्या किसी बड़े हादसे का इंतजार किया जा रहा है?”









