छत्तीसगढ़ प्रदेश 108-102 कर्मचारी संघ ने जय अंबे इमरजेंसी सर्विस को भेजा ज्ञापन, 23 अगस्त तक भुगतान की मांग
रायपुर/सूरजपुर। छत्तीसगढ़ में 108 संजीवनी एक्सप्रेस एम्बुलेंस सेवा में पूर्व में कार्यरत कर्मचारियों का बकाया वेतन और ग्रेच्युटी भुगतान नहीं होने का मामला तूल पकड़ने लगा है। लंबे समय से भुगतान लंबित होने से नाराज कर्मचारियों ने कंपनी प्रबंधन के खिलाफ अनिश्चितकालीन आंदोलन की चेतावनी दी है। छत्तीसगढ़ प्रदेश 108-102 कर्मचारी संघ, भारतीय मजदूर संघ से संबद्ध, ने इस संबंध में कंपनी जय अंबे इमरजेंसी सर्विस के प्रबंध निदेशक और निदेशक को ज्ञापन सौंपकर 23 अगस्त 2026 तक भुगतान करने की मांग की है।




संघ ने चेतावनी दी है कि निर्धारित समयसीमा तक सभी कर्मचारियों का बकाया भुगतान नहीं होने पर रायपुर स्थित कंपनी कार्यालय के सामने अनिश्चितकालीन आंदोलन और प्रदर्शन किया जाएगा।

पांच महीने से भुगतान लंबित होने का आरोप
कर्मचारी संघ के अनुसार, वर्ष 2019 से छत्तीसगढ़ में 108 संजीवनी एक्सप्रेस सेवा का संचालन जय अंबे इमरजेंसी सर्विस द्वारा किया जा रहा था। अप्रैल 2026 से इस सेवा का संचालन नई कंपनी ने शुरू किया। संघ का आरोप है कि संचालन व्यवस्था बदलने के बावजूद पूर्व में कार्यरत कर्मचारियों को उनका बकाया वेतन और ग्रेच्युटी का फुल एंड फाइनल सेटलमेंट नहीं मिला है।

कर्मचारियों का कहना है कि भुगतान के लिए लगातार कंपनी प्रबंधन से संपर्क किया गया, लेकिन अब तक उनकी समस्या का समाधान नहीं हो सका है। इससे कर्मचारियों में नाराजगी बढ़ रही है।
कई बार बातचीत, फिर भी नहीं हुआ भुगतान
संघ द्वारा जारी ज्ञापन में भुगतान को लेकर कंपनी प्रबंधन से हुई बातचीत का विवरण भी दिया गया है।
- 5 अप्रैल 2026: जिला प्रबंधक ने एक महीने के भीतर सेटलमेंट कराने का आश्वासन दिया।
- 5 मई 2026: कंपनी कार्यालय में चर्चा के दौरान शासन से राशि नहीं मिलने का हवाला देते हुए जल्द भुगतान का भरोसा दिया गया।
- 7 जून 2026: कर्मचारियों ने कंपनी कार्यालय में दोबारा बातचीत की।
- 20 जुलाई 2026: कंपनी के निदेशक से चर्चा हुई। संघ के मुताबिक, इस दौरान भी शासन से भुगतान नहीं मिलने की बात कही गई और चार से पांच दिनों के भीतर सेटलमेंट का आश्वासन दिया गया।
संघ का कहना है कि बार-बार आश्वासन मिलने के बावजूद बकाया राशि का भुगतान नहीं किया गया है। इसी वजह से अब कर्मचारियों ने आंदोलन का रास्ता अपनाने की चेतावनी दी है।
वेतन और ग्रेच्युटी भुगतान के नियमों का दिया हवाला
कर्मचारी संघ ने अपने ज्ञापन में नए वेतन कानूनों का उल्लेख करते हुए सेवा समाप्ति के बाद निर्धारित समय में बकाया भुगतान करने की मांग की है। संघ का दावा है कि लागू प्रावधानों के अनुसार कर्मचारियों को उनका फुल एंड फाइनल सेटलमेंट समय पर मिलना चाहिए।
हालांकि, ज्ञापन में नए वेज कोड के लागू होने और 48 घंटे के भीतर वेतन एवं ग्रेच्युटी भुगतान अनिवार्य होने संबंधी दावे की स्वतंत्र कानूनी पुष्टि नहीं की गई है। इस संबंध में लागू कानून और संबंधित प्रावधानों की स्थिति स्पष्ट होना आवश्यक है।
23 अगस्त तक का अल्टीमेटम, कंपनी कार्यालय के सामने प्रदर्शन की चेतावनी
संघ ने कंपनी प्रबंधन को 23 अगस्त 2026 तक बकाया वेतन और ग्रेच्युटी का भुगतान करने का अल्टीमेटम दिया है। ज्ञापन के मुताबिक, भुगतान नहीं होने पर कर्मचारी रायपुर के तेलीबांधा एटीएम चौक स्थित ग्लोबल टावर, अवंती विहार, शंकर नगर क्षेत्र में कंपनी कार्यालय के सामने अनिश्चितकालीन आंदोलन करेंगे।
संघ ने स्पष्ट किया है कि समयसीमा समाप्त होने के बाद आंदोलन की स्थिति बनती है, तो इसकी जिम्मेदारी कंपनी प्रबंधन की होगी।
मुख्यमंत्री से लेकर स्वास्थ्य और श्रम विभाग तक भेजी प्रतिलिपि
कर्मचारी संघ ने अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन की प्रतिलिपि मुख्यमंत्री, गृह मंत्री, स्वास्थ्य मंत्री, श्रम मंत्री, रायपुर के जिलाधिकारी एवं पुलिस कमिश्नर, स्वास्थ्य संचालनालय, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन छत्तीसगढ़ और भारतीय मजदूर संघ के पदाधिकारियों को भी भेजी है।
ज्ञापन पर छत्तीसगढ़ प्रदेश 108-102 कर्मचारी संघ के अध्यक्ष राजेंद्र राठौर, कार्यकारी अध्यक्ष उपेंद्र सिंह, महामंत्री दिगंबर विश्वकर्मा और कोषाध्यक्ष विकास साहू के नाम दर्ज हैं। पत्र क्रमांक छत्तीसगढ़ प्रदेश/2026/15 के तहत 20 अगस्त 2026 को जारी इस ज्ञापन में कर्मचारियों के लंबित भुगतान का जल्द निराकरण करने की मांग की गई है।











