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एडीएम सुश्री जांगड़े ने जिला स्तरीय सतर्कता एवं मॉनिटरिंग समिति की ली बैठक

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एडीएम सुश्री जांगड़े ने जिला स्तरीय सतर्कता एवं मॉनिटरिंग समिति की ली बैठक

रायगढ़, 7 नवम्बर 2024/ कलेक्टर श्री कार्तिकेया गोयल के निर्देशन में एडीएम सुश्री संतन देवी जांगड़े ने अनुसूचित जाति, जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम 1989 के अंतर्गत जिला स्तरीय सतर्कता एवं मॉनिटरिंग समिति की बैठक कलेक्टोरेट सभाकक्ष में ली।
            बैठक में एडीएम सुश्री जांगड़े ने अनुसूचित जाति, जनजाति मामलों के संबंध में जानकारी लेते हुए अधिनियम के अधीन पुलिस विवेचना में दर्ज प्रकरण, चालान, पेश, खात्मा, खारिज हेतु लंबित प्रकरण की जानकारी ली। इसी प्रकार अधिनियम के अधीन न्यायालय (जिला लोक अभियोजन) में लंबित प्रकरण, अनुसूचित जाति, जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम अंतर्गत अनुरक्षण अनुदान तथा राहत पुनर्वास सहायता के संबंध में विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने उक्त सभी प्रकरणों में न्यायालय में प्रभावी ढंग से अभियोजन की व्यवस्था सुनिश्चित करने एवं अनुरक्षण अनुदान के तहत यात्रा भत्ता की थानेवार जानकारी लेने एवं फंड आबंटन की स्थिति में संबंधित व्यक्ति को राशि उपलब्ध कराने हेतु निर्देशित किया। इसी प्रकार अनुसूचित जाति, जनजाति एक्ट के तहत पीडि़त व्यक्ति को प्रदाय की जाने वाली राशि की समीक्षा की।
           उल्लेखनीय है कि अनुसूचित जाति, जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम 1989 के अंतर्गत इन जातियों के किसी भी सदस्य को क्षति पहुंचाने, अपमानित करने, भूमि पर जबरन कब्जा करने, बंधुआ रखने, बेगार के लिए मजबूर करने, महिला का अनादार करने, शील भंग करने के ध्येय से बल प्रयोग करने और अधिकारों से वंचित करने पर 6 माह से 5 वर्ष तक कारावास और जुर्माने से दंडित किया जा सकता है। कोई भी लोकसेवक जो इन जातियों का सदस्य नहीं है यदि इस नियम के प्रति अपने कर्तव्यों की उपेक्षा करता है तो उसे 6 माह की सजा हो सकती है। राज्य सरकार के अनुसूचित जाति, जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम 1989 (आकस्मिकता योजना) नियम 1995 लागू किए गए है। जिनका उद्देश्य जरूरतमंद अनुसूचित जाति, जनजाति अथवा ऐसे अनुसूचित जाति और जनजाति के परिवारों को तुरंत सहायता एवं राहत पहुंचाना है, जो सामान्य वर्ग के किसी व्यक्ति अथवा समूह द्वारा उत्पीडि़त है। जो निर्धनता एवं असहाय अवस्था के कारण संकटापन्न स्थिति में है और जिसे शासन द्वारा किसी योजना या स्त्रोत से आर्थिक सहायता मिलने की संभावना नहीं है।
           बैठक में सहायक संचालक आदिम जाति विकास कल्याण सुश्री आकांक्षा पटेल, डॉ.पवन जायसवाल, श्री सनत नायक, उप संचालक लोक अभियोजन वेद प्रकाश पटेल, विशेष लोक अभियोजक (एट्रोसिटी) श्री राजीव बेरीवाल, डीपीओ महिला एवं बाल विकास श्री एल.आर.कच्छप, योजना एवं सांख्यिकी अधिकारी श्री सिलवेस्टर कुजूर, श्री छेदूराम राठिया उपस्थित रहे।

चंद्रशेखर जायसवाल
चंद्रशेखर जायसवाल
OWNER/EDITOR - CHANDRASHEKHAR JAISAWAL Mo.-9340765733
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