spot_img
Friday, April 3, 2026
Friday, April 3, 2026
WhatsApp Image 2025-09-27 at 19.02.00_2560a816
WhatsApp Image 2025-09-27 at 19.02.00_8a3c1831

मध्य प्रदेश में छात्रों की अप्रेंटिसशिप के लिए 88 महाविद्यालय और 8 विश्वविद्यालयों का बोट से करार

भोपाल: मध्य प्रदेश के विभिन्न शिक्षण संस्थाओं में औद्योगिक शिक्षा के लिए अध्ययन करने वाले छात्रों को अप्रेंटिसशिप की सुविधा मिले इसके लिए 85 महाविद्यालयों के अलावा आठ विश्वविद्यालयों ने बोर्ड ऑफ अप्रेंटिसशिप ट्रेनिंग ( बोट-पश्चिमी क्षेत्र, मुम्‍बई) के साथ करार किया है। राज्य के उच्च शिक्षा विभाग द्वारा विद्यार्थियों को अप्रेंटिसशिप के अवसर उपलब्ध कराने के लिए साथ ही पढ़ाई के साथ-साथ उद्योग आधारित व्यावहारिक शिक्षा प्राप्त हो और रोजगारपरक कौशल में वृद्धि हो, इस उद्देश्य से बुधवार को अप्रेंटिसशिप एम्बेडेड डिग्री प्रोग्राम (एईडीपी) को बढ़ावा देने के लिए अपर मुख्य सचिव उच्च शिक्षा अनुपम राजन एवं आयुक्त उच्च शिक्षा प्रबल सिपाहा की उपस्थिति में 85 महाविद्यालयों, पांच शासकीय एवं तीन निजी विश्वविद्यालयों ने क्रिस्प, नई दिल्ली के सहयोग से बोर्ड ऑफ अप्रेंटिसशिप ट्रेनिंग ( बोट-पश्चिमी क्षेत्र, मुम्‍बई) के साथ एमओयू किया।महाविद्यालय, विश्वविद्यालयों के प्रतिनिधियों और बोर्ड ऑफ अप्रेंटिसशिप ट्रेनिंग (बीओएटी- पश्चिमी क्षेत्र) के पदाधिकारियों ने समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए। राज्य स्तरीय समझौता ज्ञापन हस्ताक्षर समारोह का आयोजन भोपाल के सरोजिनी नायडू शासकीय कन्या स्नातकोत्तर स्वशासी महाविद्यालय में हुआ। अपर मुख्य सचिव उच्च शिक्षा अनुपम राजन ने कहा कि वर्ष 2024-25 में एईडीपी प्रारंभ किया गया था। विभाग का प्रयास है कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अनुसरण में, शिक्षा को रोजगारमूलक बनाया जाए तथा विद्यार्थियों को पारंपरिक शिक्षा के साथ-साथ, उद्योग जगत की आवश्यकता अनुरूप रोजगारोन्मुखी शिक्षा उपलब्ध कराई जाए।राजन ने कहा कि वर्तमान में आईआईटी दिल्ली के सहयोग से एआई, फिनटैक विथ एआई एवं एईडीपी पाठ्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं। आज की आवश्यकता के अनुरूप विद्यार्थियों को ऑनलाइन पढाई की सुविधा भी प्रदान की जा रही है। उच्च शिक्षा विभाग, स्वयं पोर्टल सहित विभिन्न डिजिटल माध्यमों के जरिए निरंतर आगे बढ़ रहा है और राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान स्थापित कर रहा है। उन्‍होंने कहा कि एईडीपी पाठ्यक्रमों में विद्यार्थियों को अप्रेंटिसशिप की सुविधा मिलेगी। साथ ही अप्रेंटिसशिप अवधि के दौरान प्रतिमाह स्टाइपेंड भी दिया जाएगा। एईडीपी कोर्स के क्रियान्वयन में निजी शैक्षणिक संस्थान भी आगे आ रहे हैं।जानकारी के अनुसार, इस करार का मुख्य उद्देश्य महाविद्यालयों एवं विश्वविद्यालयों में अध्ययनरत विद्यार्थियों को अप्रेंटिसशिप से जोड़ना है। इसके अंतर्गत शैक्षणिक सत्र 2025-26 में एईडीपी लागू करने वाले संस्थानों को प्रशिक्षण एवं मार्गदर्शन प्रदान किया जाएगा। इससे विद्यार्थियों को उद्योग आधारित व्यावहारिक अनुभव प्राप्त होगा, जिससे उनका रोजगार निमित्त कौशल निखरेगा। साथ ही अकादमिक शिक्षा को कौशल एवं उद्योग आवश्यकताओं से जोड़कर युवाओं को भविष्य के रोजगार अवसरों के लिए सक्षम और तैयार किया जाएगा।

 

01
09
WhatsApp Image 2025-09-29 at 18.52.16_7b78a71e
spot_img
spot_img

अपना न्यूज़ पोर्टल - 9340765733

spot_img
spot_img
spot_img

Recent Posts

जन औषधि योजना गरीबों के लिए संजीवनी साबित हो रही पहल

संभागीय ब्यूरो सुखदेव आजाद जिला मुंगेली माननीय मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के मार्गदर्शन में संचालित प्रधानमंत्री भारतीय जन औषधि परियोजना प्रदेश के मध्यम...
Latest
जन औषधि योजना गरीबों के लिए संजीवनी साबित हो रही पहल आरोग्य जशपुर अभियान: सुदूर वनांचल में स्वास्थ्य क्रांति, नवाचार और सुविधाओं से ब... महिला फुटबॉल में छत्तीसगढ़ का शानदार प्रदर्शन, झारखंड को हराकर जीता स्वर्ण पदक छत्तीसगढ़ में श्रमिकों के न्यूनतम वेतन और महंगाई भत्ते में वृद्धि, नई दरें 1 अप्र... वन विभाग की बड़ी उपलब्धि : बारनवापारा का रामपुर ग्रासलैंड फिर हुआ काले हिरणों से... महाराष्ट्र मंडल के अध्यक्ष अजय काले जैन रत्न अलंकरण से सम्मानित कुंवरगढ़ महोत्सव में छत्तीसगढ़ी कला-संस्कृति की धूम, कलाकारों की प्रस्तुतियों पर... ब्रेकिंग न्यूज़ : लैलूँगा जनपद में 'सत्यनारायण की कथा' से भी पावन है 'कमीशन' की म... ब्रेकिंग न्यूज़ : लैलूँगा जनपद में 'सत्यनारायण की कथा' से भी पावन है 'कमीशन' की म... टेक्नोलॉजी बनी हथियार: “सशक्त एप्स”से बाइक चोर तक पहुँची पुलिस