
15 अगस्त को गूंजेगा “हर घर साक्षर, विकसित भारत” का नारा
जांजगीर-चांपा, 11 अगस्त 2026। कलेक्टर श्री जन्मेजय महोबे के निर्देशन एवं जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री विनय कुमार पोयाम की अध्यक्षता में उल्लास नवभारत साक्षरता कार्यक्रम के अंतर्गत जिला स्तरीय बैठक का आयोजन जिला पंचायत के सभाकक्ष में किया गया। बैठक में उल्लास नवभारत साक्षरता कार्यक्रम के सफल क्रियान्वयन, सितंबर 2026 में आयोजित होने वाली महापरीक्षा अभियान तथा स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर 15 अगस्त को आयोजित किए जाने वाले उल्लास महा चौपाल की तैयारियों को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री विनय कुमार पोयाम ने विकासखंडों से उपस्थित विकासखंड परियोजना अधिकारियों, संकुल समन्वयकों एवं शैक्षिक समन्वयकों को निर्देशित किया कि 15 अगस्त के स्वतंत्रता दिवस समारोह के साथ उल्लास महा चौपाल का आयोजन ग्राम पंचायतों एवं नगरीय निकायों के वार्डों में व्यापक स्तर पर किया जाए। उन्होंने शेष असाक्षरों एवं स्वयंसेवी शिक्षकों का शत-प्रतिशत चिन्हांकन सुनिश्चित करने तथा 25 अगस्त 2026 तक यह कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए।
गांव-गांव निकलेगी साक्षरता रैली
उल्लास महा चौपाल के दौरान असाक्षरों एवं स्वयंसेवी शिक्षकों की सहभागिता से विभिन्न जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इनमें उल्लास साक्षरता मोबाइल टॉर्च रैली, मशाल रैली, प्रभात फेरी एवं नारा लेखन प्रमुख रूप से शामिल हैं। 15 अगस्त की सुबह विद्यार्थियों, ग्राम समुदाय, बुजुर्गों, महिलाओं, स्वयंसेवकों एवं नवसाक्षरों के साथ प्रभात फेरी निकाली जाएगी। इस दौरान “हर घर साक्षर, विकसित भारत” सहित विभिन्न साक्षरता संदेशों के नारे लगाए जाएंगे।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित लोगों को उल्लास साक्षरता की शपथ भी दिलाई जाएगी। वहीं नवसाक्षरों द्वारा “कहानियों का कारवां” कार्यक्रम के माध्यम से अपने अनुभव साझा किए जाएंगे कि पढ़ना-लिखना सीखने के बाद उनके जीवन में किस प्रकार सकारात्मक बदलाव आया।
मातृत्व साक्षरता से लेकर सांस्कृतिक कार्यक्रम तक
महा चौपाल में मातृत्व साक्षरता महा संकल्प, सांस्कृतिक कार्यक्रम, साक्षरता रंगोली एवं उल्लास थीम पर नुक्कड़ नाटक जैसे कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे। इसके अलावा उल्लास हेल्प डेस्क एवं पंजीयन शिविर लगाया जाएगा, जहां मौके पर ही असाक्षरों एवं स्वयंसेवी शिक्षकों का पंजीयन किया जा सकेगा।
कार्यक्रम स्थल पर डिजिटल एवं साक्षरता सेल्फी प्वाइंट भी बनाया जाएगा। साथ ही “अक्षर-अक्षर दीप जलाएं, देश को आगे बढ़ाएं” जैसे प्रेरणादायक स्लोगन के माध्यम से लोगों को साक्षरता के प्रति जागरूक किया जाएगा।
“अंगूठे से कलम तक” अभियान पर जोर
बैठक में अंगूठा मुक्त पंचायत, अंगूठे से कलम तक सम्मान समारोह एवं प्रशस्ति पत्र वितरण जैसे कार्यक्रमों को भी शामिल करने के निर्देश दिए गए। इसके साथ ही साक्षरता अभियान में बेहतर कार्य करने वाले स्वयंसेवी शिक्षकों का “सुपर-30” की तर्ज पर चिन्हांकन कर उन्हें प्रोत्साहित करने की बात कही गई।
उल्लास ज्ञान रथ और खेलकूद प्रतियोगिताओं का होगा आयोजन
साक्षरता अभियान को जन-जन तक पहुंचाने के लिए उल्लास ज्ञान रथ का संचालन, उल्लास खेलकूद प्रतियोगिता, साक्षरता सर्वेक्षण, नारा लेखन, कैंडल मार्च सहित विभिन्न गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। अधिकारियों को इन कार्यक्रमों का व्यापक प्रचार-प्रसार करने के निर्देश दिए गए, ताकि अधिक से अधिक लोगों की भागीदारी सुनिश्चित हो सके।
मुख्य कार्यपालन अधिकारी ने कहा कि उल्लास नवभारत साक्षरता कार्यक्रम का उद्देश्य केवल असाक्षरों को पढ़ना-लिखना सिखाना ही नहीं, बल्कि उन्हें समाज की मुख्यधारा से जोड़ते हुए आत्मनिर्भर एवं जागरूक बनाना भी है। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों-कर्मचारियों को आपसी समन्वय के साथ अभियान को सफल बनाने के निर्देश दिए।
ये अधिकारी-कर्मचारी रहे उपस्थित
बैठक में डाइट से सहायक प्राध्यापक श्री गोपेश साहू, जिला परियोजना अधिकारी श्रीमती विजया सिंह राठौर, विकासखंड शिक्षा अधिकारी बम्हनीडीह श्री बसंत चतुर्वेदी, विकासखंड परियोजना अधिकारी डॉ. उमेश कुमार दुबे, श्री तरुण साहू सहित विभिन्न विकासखंडों के संकुल समन्वयक, शैक्षिक समन्वयक, लेखपाल सुनील पटेल, सहायक ग्रेड-3 सनत मिरी, सरिता सोनी, प्रतिभा रत्नाकर, गणेशी बाई, उमेश तेम्बूलकर सहित जिले के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।







