नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर लाल किले की प्राचीर से देश को संबोधित करते हुए युवाओं के लिए कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। उन्होंने कहा कि अगले एक साल में देश के एक करोड़ युवाओं को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) स्किल्स की ट्रेनिंग दी जाएगी। इसका उद्देश्य भारतीय युवाओं को AI के क्षेत्र में नेतृत्व करने के लिए तैयार करना है।

एक साल में 1 करोड़ युवाओं को AI प्रशिक्षण
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत के युवाओं में प्रतिभा और क्षमता की कोई कमी नहीं है। बदलती तकनीकी दुनिया में युवाओं को नई तकनीकों से जोड़ना जरूरी है। इसी दिशा में सरकार ने अगले एक वर्ष में एक करोड़ युवाओं को AI स्किल्स में प्रशिक्षित करने का लक्ष्य तय किया है।
प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए फ्री ऑनलाइन कोचिंग
प्रधानमंत्री ने विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवाओं और विद्यार्थियों के लिए मुफ्त ऑनलाइन कोचिंग व्यवस्था शुरू करने की भी घोषणा की। इससे प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण अध्ययन सामग्री और मार्गदर्शन उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।
दशकों से अधूरे काम 5 से 7 साल में पूरे करने का लक्ष्य
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन में विकसित भारत के लक्ष्य का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि पिछले 10-12 वर्षों में देशवासियों ने जिस सामर्थ्य का प्रदर्शन किया है, वह आत्मनिर्भर भारत की यात्रा का महत्वपूर्ण हिस्सा है। अब देश को विकास की गति और तेज करने की आवश्यकता है।
उन्होंने भरोसा जताया कि जिन कार्यों को पूरा होने में दशकों लग गए अथवा जो लंबे समय से अधूरे पड़े हैं, उन्हें अगले 5 से 7 वर्षों में पूरा करने की क्षमता भारत के पास है।
2047 तक विकसित भारत का संकल्प
प्रधानमंत्री ने कहा कि 2047 के विकसित भारत का लक्ष्य मजबूत नींव पर खड़ा है। उन्होंने देश की संस्कृति, सोच और काम करने की गति में बदलाव की आवश्यकता पर जोर देते हुए कहा कि सामूहिक प्रयासों से भारत 2047 तक विकसित राष्ट्र के लक्ष्य को हासिल कर सकता है।
सीफूड सेक्टर में भारत की बड़ी संभावनाएं
प्रधानमंत्री ने भारत के सीफूड सेक्टर की संभावनाओं का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि भारत के समुद्री क्षेत्र में इस क्षेत्र को आगे बढ़ाने की व्यापक संभावनाएं हैं और देश की सी-बेल्ट इसमें महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।






