‘ऑपरेशन क्लीन हंट’ के तहत कार्रवाई; पुलिस के अनुसार आरोपी ने फर्जी रजिस्ट्री में अनुप्रमाणक साक्षी की भूमिका निभाई, मोबाइल फोन भी जब्त
शासकीय भूमि के फर्जी अंतरण मामले में दूसरी गिरफ्तारी
रायगढ़। फरार आरोपियों और फरार वारंटियों की धरपकड़ के लिए जिले में चलाए जा रहे ‘ऑपरेशन क्लीन हंट’ के तहत कापू पुलिस को शासकीय भूमि के कथित फर्जी अंतरण मामले में एक और आरोपी की गिरफ्तारी में सफलता मिली है। तत्कालीन पटवारी राकेश साय की गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने फर्जी रजिस्ट्री में अनुप्रमाणक साक्षी रहे अगस्तुस खलखो, उम्र 43 वर्ष, निवासी पोराडाही, थाना धरमजयगढ़ को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है।
शासकीय जमीन के रिकॉर्ड में हेरफेर का आरोप
पुलिस के अनुसार, 11 अगस्त 2026 को तहसीलदार कापू उन्मेश पटेल ने थाना कापू में आवेदन देकर ग्राम पंचायत रायमेर की शासकीय भूमि से जुड़े मामले की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
रिपोर्ट के अनुसार, खसरा नंबर 479/2, 467/36, 467/25, 467/23, 310/10/ख, 310/10/2 सहित अन्य शासकीय भूमि के रिकॉर्ड में कथित कूटरचना कर खसरा बंटाकन और रिकॉर्ड में हेरफेर किया गया। इसके बाद बाहरी व्यक्तियों के नाम पर कथित फर्जी पट्टे तैयार कर दलालों के माध्यम से भूमि की रजिस्ट्री कराए जाने की जानकारी सामने आई।
जांच में शासकीय भूमि के कुछ हिस्सों को तत्कालीन पटवारी राकेश साय द्वारा निजी व्यक्तियों के नाम पर दर्ज किए जाने और बाद में कूटरचित दस्तावेजों के आधार पर अन्य व्यक्तियों को अंतरित किए जाने की जानकारी सामने आने की बात पुलिस ने कही है।
छह आरोपियों के खिलाफ दर्ज हुआ था अपराध
मामले में तत्कालीन पटवारी राकेश साय, मुक्तारधारी कैलाश कुमार जेठवानी उर्फ सोनी, विक्रेता उजितराम, अनुप्रमाणक साक्षी अगस्तुस खलखो एवं लालबहादुर यादव के विरुद्ध अपराध दर्ज किया गया था।
एसडीएम धरमजयगढ़ के निर्देश और तहसीलदार कापू के जांच प्रतिवेदन के आधार पर थाना कापू में अपराध क्रमांक 131/2026 के तहत भारतीय दंड संहिता की धारा 420, 467, 468, 471 और 120(बी) में अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना शुरू की गई।
पहले तत्कालीन पटवारी की हो चुकी है गिरफ्तारी
मामले में थाना प्रभारी कापू निरीक्षक धर्माराम तिर्की ने 2 सितंबर 2026 को मुखबिर की सूचना पर फरार आरोपी तत्कालीन पटवारी राकेश साय, पिता शशिभूषण साय, उम्र 45 वर्ष, निवासी सिविल लाइन धरमजयगढ़ को ग्राम गनपतपुर क्षेत्र से गिरफ्तार किया था।
पुलिस के अनुसार, आरोपी के कब्जे से लैपटॉप और प्रिंटर भी जब्त किए गए थे।
रजिस्ट्री कार्यालय में दस्तावेजों पर हस्ताक्षर करने की बात
अन्य फरार आरोपियों की तलाश के दौरान पुलिस ने अगस्तुस खलखो को हिरासत में लिया। पुलिस के अनुसार, पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह कैलाश जेठवानी उर्फ सोनी के कहने पर इस प्रकरण में शामिल हुआ था।
पुलिस के मुताबिक, आरोपी ने ग्राम रायमेर की संबंधित शासकीय भूमि की रजिस्ट्री में तत्कालीन पटवारी राकेश साय, कैलाश जेठवानी उर्फ सोनी और लालबहादुर यादव के साथ 20 अक्टूबर 2022 को रजिस्ट्री कार्यालय धरमजयगढ़ में उपस्थित होकर आधार कार्ड जमा करने तथा रजिस्ट्री दस्तावेज पर हस्ताक्षर करने की बात स्वीकार की।
मोबाइल फोन भी किया गया जब्त
पुलिस के अनुसार, आरोपी के मेमोरेंडम कथन के आधार पर कैलाश जेठवानी उर्फ सोनी से बातचीत में प्रयुक्त मोबाइल फोन भी जब्त किया गया है।
विवेचना के दौरान अगस्तुस खलखो के विरुद्ध पर्याप्त साक्ष्य पाए जाने के बाद उसे विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।
मामले में शामिल अन्य फरार आरोपियों की तलाश और प्रकरण की विवेचना जारी है।






