आयुर्वेद और होम्योपैथी पद्धति से मिला स्वास्थ्य लाभ, 105 लोगों की हुई रक्त जांच; महापौर जीवर्धन चौहान ने किया शुभारंभ
रायगढ़। आम नागरिकों को सुलभ और बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से शनिवार को कौहाकुंडा पहाड़ मंदिर के पास प्राथमिक शाला परिसर में जिला स्तरीय आयुष स्वास्थ्य मेले का आयोजन किया गया। नगर निगम महापौर जीवर्धन चौहान ने भगवान धन्वंतरि की पूजा-अर्चना कर मेले का शुभारंभ किया। शिविर में आयुर्वेद एवं होम्योपैथी पद्धति से कुल 635 मरीजों का निःशुल्क उपचार किया गया। इसके साथ ही 105 लोगों का रक्त परीक्षण कर उन्हें स्वास्थ्य संबंधी परामर्श दिया गया।
कार्यक्रम में सभापति डिग्रीलाल साहू, स्थानीय पार्षद सहित गणमान्य नागरिक और आयुष विभाग के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।
स्वस्थ जीवनशैली अपनाने पर दिया जोर
मेले को संबोधित करते हुए महापौर जीवर्धन चौहान ने कहा कि आयुष चिकित्सा पद्धति हमारी प्राचीन और समृद्ध चिकित्सा परंपरा का महत्वपूर्ण हिस्सा है। आयुर्वेद, योग और होम्योपैथी के माध्यम से लोगों को बेहतर स्वास्थ्य के प्रति जागरूक किया जा सकता है। आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में संतुलित खानपान, नियमित दिनचर्या और योग को अपनाना बेहद जरूरी है।
उन्होंने कहा कि ऐसे स्वास्थ्य मेले आम नागरिकों को एक ही स्थान पर निःशुल्क जांच, परामर्श और उपचार की सुविधा उपलब्ध कराने के साथ स्वास्थ्य के प्रति जागरूक भी करते हैं। महापौर ने लोगों से आयुष चिकित्सा पद्धतियों का लाभ उठाने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने की अपील की।
आयुर्वेद से 560 और होम्योपैथी से 75 मरीजों का उपचार
कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी के निर्देशानुसार तथा जिला आयुष अधिकारी डॉ. मीरा भगत के मार्गदर्शन में आयोजित इस मेले में कुल 635 मरीजों को निःशुल्क चिकित्सा सुविधा प्रदान कर औषधियों का वितरण किया गया। इनमें आयुर्वेद पद्धति से 560 और होम्योपैथी पद्धति से 75 मरीजों का उपचार किया गया। इसके अलावा 105 लोगों का रक्त परीक्षण किया गया।
शिविर में पहुंचे लोगों को रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के उद्देश्य से गुडूची का काढ़ा भी पिलाया गया। शिविर प्रभारी डॉ. विजयलक्ष्मी चंद्रा ने आयुर्वेद चिकित्सा पद्धति की उपयोगिता और वैज्ञानिक महत्व की जानकारी देते हुए बताया कि आयुर्वेद में रोगों के उपचार के साथ उनकी रोकथाम और स्वस्थ जीवनशैली पर भी विशेष जोर दिया जाता है। उन्होंने पंचकर्म चिकित्सा, खानपान में सावधानी और नियमित योगाभ्यास के महत्व को भी समझाया।
नशामुक्ति, योग और जीवनशैली से जुड़ी बीमारियों पर परामर्श
स्वास्थ्य मेले में नशामुक्ति, योग परामर्श, औषधीय द्रव्य प्रदर्शनी और जीवनशैली से जुड़ी बीमारियों के संबंध में विशेषज्ञ चिकित्सकों ने लोगों को मार्गदर्शन दिया। उच्च रक्तचाप, मधुमेह, वात रोग, ऋतुचर्या और योगाभ्यास से संबंधित जानकारी पंपलेट के माध्यम से साझा की गई। इस दौरान मुख्य अतिथियों ने लोगों को औषधीय पौधों का वितरण भी किया।
चिकित्सकों ने नियमित दिनचर्या अपनाने, खानपान में सावधानी बरतने और विभिन्न बीमारियों से बचाव के उपायों की जानकारी दी। मेले के सफल आयोजन में डॉ. राय चौधरी, डॉ. विभा, डॉ. सक्सेना, डॉ. कुणाल पटेल, डॉ. अजय नायक, डॉ. रविशंकर पटेल, डॉ. नरसिंह पटेल, डॉ. शेख सादिक, डॉ. संजीव पटेल, डॉ. गरिमा, डॉ. निकिता, डॉ. प्रियंका, डॉ. विकास, डॉ. संतोष, डॉ. अनिल, डॉ. यज्ञशेनी, डॉ. गौरी सहित विभागीय अधिकारियों एवं कर्मचारियों का विशेष योगदान रहा।
जिला स्तरीय आयुष स्वास्थ्य मेले के जरिए बड़ी संख्या में लोगों को निःशुल्क उपचार, जांच और स्वास्थ्य परामर्श मिला। ऐसे आयोजन पारंपरिक चिकित्सा पद्धतियों के प्रति जागरूकता बढ़ाने के साथ आमजन को स्वस्थ जीवनशैली के लिए प्रेरित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।











