कांग्रेस प्रत्याशी विद्यावती सिदार के सामने भाजपा प्रत्याशी सुनीति सत्यानंद राठिया कि कद हुई बौनी


लोगों कि पहली पसंद विद्यावती सिदार… एक तरफा जीत कि हकदार विद्यावती सिदार…
लैलूंगा :- छत्तीसगढ़ प्रदेश में इन दिनों आम निर्वाचन 2023 को लेकर जहाँ 17 नवम्बर 2023 को छत्तीसगढ़ के बाकी 70 सीटों पर मतदान होनी है । जिसके मद्देनजर सभी राजनीति पार्टियों कि राजनैतिक पारे कि तापमान अपने सबाब पर है । वहीं प्रदेश में विपक्ष का आरोप प्रत्यारोप का दौर सा चल पड़ा है । द्वारा रायगढ़ जिले के विधान सभा लैलूंगा कि कांग्रेस प्रत्याशी विद्यावती सिदार के पक्ष में लोगों का मिल रहा खुला जन समर्थन से भाजपा कि मुश्किलें बढ़ने लगी हैं । स्वाभाविक सी बात है कि कांग्रेस पार्टी कि प्रत्याशी कि साफ सुथरी वाली छवी तथा नये चेहरे को लेकर आम जनता के मन में एक नई आशा कि किरण जगी है । तो वहीं विद्यावती को एक बार जनता जीत दिला कर विधान सभा तक भेजना चाहती है । जनता ने विद्यावती सिदार को नया चेहरा होने के साथ – साथ एक बार सेवा करने का मौका देना चाहती है । इसी आशा और विश्वास के साथ लोगों का खुला जन समर्थन मिलने के कारण । विपक्षी दल भाजपा कि सिर चकराने लगी है । जिसका भाजपा के पास खोजने से भी कोई ईलाज मिलता हुआ दिखाई नहीं दे रहा है । चारों ओर कांग्रेस पार्टी कि प्रत्याशी विद्यावती सिदार को लोग अपनी पसंदीदा विधायक मान कर व्होट करने कि बात कह रहे हैं । इससे यह स्पष्ट होता है कि विद्यावती सिदार लैलूंगा विधान सभा सीट से बहुत अधिक मतों से विजयी हो रही है । वहीं भाजपा प्रत्याशी श्रीमति सुनीति सत्यानंद राठिया को लैलूंगा विधान सभा कि आम जनता ने लगातार 10 वर्षों तक लैलूंगा विधान सभा का प्रतिनिधित्व करने का मौका दे चुकी है । दोनों पति पत्नी के कार्यकाल में वे जनता कि सेवा करने के बजाए केवल और केवल अपनी पेट भरने का काम किये हैं ? कहीं पेट्रोल पम्प तो कहीं सैकड़ों एकड़ जमीन तो कहीं सैकड़ों कि संख्या में हाईवा ट्रक तो कहीं दर्जनों कि संख्या में हाईड्रा (माल लोडर) इन तमाम साधन और संशाधनों को इकट्ठा करने के अलावा और क्षेत्र कि आम जनता का क्या विकास किया है ? झूठ बोलकर राजनीति करना तो कोई सुनीति सत्यानंद राठिया से ही सीखे यह तो बस तिनके भर का दिखाई देने वाला हिसाब किताब है बाकी के करोड़ों, अरबों रूपये के तहखाने कि तो बात ही निराली है । इन्होंने अपने कार्यकाल में अकूत धन संपत्ती बनाकर आम जनता के सामने भोला भाला होने का भेष गढ़ने का खेल तो कोई सुनीति सत्यानंद राठिया से ही सीखे । इनके द्वारा कई स्थानों पर महंगी व बेसकिमती भूमि को क्रय कर रखा गया है । जो कि कई करोड़ों एवं अरबों रूपये कि संपत्ती से कम नहीं है, जनता इनके द्वारा किये जा रहे झूठे वादे और बहकावे ना आये तो बेहत्तर होगा । आम जनता को किसी की मासूमियत पर नही जाना चाहिए बल्कि उसे एक नये चेहरे के साथ – साथ कौन विधायक के काबिल है उसे ध्यान में रख कर मतदान करने कि जरूरत है जो कि जन हित में उचित होगा । अब यह देखना होगा कि आने वाले चुनाव में जीत का सेहरा किसके सिर पर सजेगा इसे तो वक्त ही बतायेगा ।







