
नवागढ़। नगर पंचायत नवागढ़ के वार्ड क्रमांक 13 में विकास कार्यों की तस्वीर सवालों के घेरे में है। मार्च-अप्रैल माह में लालबंद से तोरा मार्ग तक सीसी रोड का निर्माण तो कर दिया गया, लेकिन सड़क के दोनों ओर नाली निर्माण अधूरा छोड़ दिए जाने से गहरे गड्ढे अब आम लोगों और मवेशियों के लिए खतरा बन गए हैं।
सड़क निर्माण के दौरान नाली बनाने के नाम पर जेसीबी से दोनों ओर गहरे गड्ढे खोदे गए थे। निर्माण कार्य समाप्त होने के कई महीने बाद भी इन गड्ढों को न तो पाटा गया और न ही नालियों का निर्माण पूरा किया गया। हालत यह है कि वार्डवासी आज भी अपने घरों तक पहुंचने के लिए अस्थायी पुल और जुगाड़ का सहारा लेने को मजबूर हैं।
यह मार्ग केवल वार्ड क्रमांक 13 तक सीमित नहीं है, बल्कि नवागढ़, तोरा, बरबसपुर, टुरा, सिमरिया और अंधियारखोर सहित कई गांवों को जोड़ने वाला प्रमुख संपर्क मार्ग है। प्रतिदिन इस रास्ते से स्कूली बच्चे, बुजुर्ग, महिलाएं, किसान तथा दोपहिया और चारपहिया वाहन गुजरते हैं। ऐसे में खुले गड्ढे किसी भी समय बड़े हादसे का कारण बन सकते हैं।
चेतावनी अब हकीकत बनती दिख रही है। आज एक मवेशी सड़क किनारे बने गहरे गड्ढे में गिर पड़ा। ग्रामीणों ने कड़ी मशक्कत के बाद उसे सुरक्षित बाहर निकाला। यदि उसकी जगह कोई बच्चा, बुजुर्ग या राहगीर होता, तो स्थिति कहीं अधिक गंभीर हो सकती थी।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि कई बार जिम्मेदारों का ध्यान इस ओर आकर्षित किया गया, लेकिन अब तक कोई स्थायी समाधान नहीं निकला। लोगों में सवाल उठ रहा है कि क्या प्रशासन किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहा है?
अब निगाहें नगर पंचायत और संबंधित अधिकारियों पर टिकी हैं। क्या वे समय रहते अधूरी नालियों का निर्माण पूरा कर इस खतरे को खत्म करेंगे, या फिर किसी बड़ी दुर्घटना के बाद ही जिम्मेदारों की नींद खुलेगी?








