SBI Life Fraud: जशपुर जिले के पत्थलगांव में बीमा पॉलिसी बंद कराने पहुंची एक आदिवासी महिला ने एसबीआई लाइफ से जुड़े लोगों पर धोखाधड़ी कर लाखों रुपये की हेराफेरी करने का आरोप लगाया है। महिला ने शिकायत के बाद घर पहुंचकर जान से मारने की धमकी दिए जाने का भी आरोप लगाया है। मामले में पीड़िता ने पुलिस अधिकारियों से कार्रवाई और सुरक्षा की मांग की है।
जशपुर। पत्थलगांव में बीमा पॉलिसी बंद कराने के नाम पर एक आदिवासी महिला के साथ कथित तौर पर लाखों रुपये की वित्तीय हेराफेरी का मामला सामने आया है। तपकरा थाना क्षेत्र के ग्राम सूंडरू निवासी 49 वर्षीय निर्मला मिंज ने पुलिस को दिए शिकायत आवेदन में एसबीआई लाइफ शाखा से जुड़े दयाराम यादव और नरेंद्र बेहेरा पर गंभीर आरोप लगाए हैं।
पॉलिसी बंद कराने पहुंची थी महिला
शिकायत के मुताबिक, आर्थिक जरूरत के चलते निर्मला मिंज 10 अगस्त 2026 को पत्थलगांव स्थित एसबीआई लाइफ शाखा पहुंची थीं। महिला का आरोप है कि वहां उनकी मुलाकात खुद को शाखा प्रबंधक बताने वाले दयाराम यादव से हुई।

आरोप है कि पॉलिसी बंद करने की प्रक्रिया के नाम पर उनसे आधार कार्ड, पैन कार्ड और दो हस्ताक्षरित चेक लिए गए।
दो चेक से अलग-अलग खातों में रकम ट्रांसफर होने का आरोप
पीड़िता के मुताबिक, 12 अगस्त को उनकी जानकारी और सहमति के बिना एक चेक से 2 लाख रुपये नरेंद्र बेहेरा के नाम ट्रांसफर कर दिए गए। बाद में मोबाइल पर आए संदेशों से उन्हें अपने नाम पर करीब 1.52 लाख रुपये की नई पॉलिसी जारी होने की जानकारी मिली।

महिला का आरोप है कि जब उन्होंने इसका विरोध किया तो नरेंद्र बेहेरा ने कथित तौर पर 50 हजार रुपये वापस किए, जबकि बाकी रकम वापस नहीं की गई।
दूसरे चेक से भी 1.03 लाख रुपये निकालने का आरोप
शिकायत में पीड़िता ने बताया कि 27 सितंबर को जब उन्होंने अपने खाते से 50 हजार रुपये निकालने का प्रयास किया तो पर्याप्त राशि नहीं होने के कारण ट्रांजेक्शन नहीं हो सका।
इसके बाद बैंक स्टेटमेंट की जांच करने पर उन्हें पता चला कि उनके दूसरे चेक से 17 अगस्त को 1,03,180 रुपये ‘परेश्वर यादव’ नामक व्यक्ति के खाते में ट्रांसफर किए गए थे। पीड़िता का कहना है कि वह इस व्यक्ति को नहीं जानतीं और न ही उन्होंने इस लेनदेन की अनुमति दी थी।
पॉलिसी रद्द कराने पहुंची तो आवेदन लेने से इनकार का आरोप
पीड़िता के अनुसार, वह 15 सितंबर को पॉलिसी रद्द कराने के लिए संबंधित शाखा कार्यालय पहुंचीं, लेकिन उनका आवेदन स्वीकार नहीं किया गया। इसके बाद उन्होंने 30 सितंबर को पत्थलगांव थाने में दयाराम यादव और नरेंद्र बेहेरा के खिलाफ लिखित शिकायत दी।
शिकायत के अगले दिन घर पहुंचकर धमकी देने का आरोप
पीड़िता ने शिकायत में आरोप लगाया है कि 1 अक्टूबर 2026 की रात करीब 8 बजे नरेंद्र बेहेरा तीन अज्ञात लोगों के साथ स्कॉर्पियो वाहन से उनके ग्राम सूंडरू स्थित घर पहुंचा।
आरोप है कि लोगों ने घर में घुसकर गाली-गलौज की और पीड़िता तथा उनके पति विजय मिंज को जान से मारने की धमकी दी। घटना के बाद परिवार में दहशत का माहौल होने की बात शिकायत में कही गई है।
SDOP से लगाई सुरक्षा और कार्रवाई की गुहार
पीड़ित परिवार ने 2 अक्टूबर 2026 को अनुविभागीय अधिकारी पुलिस (SDOP), पत्थलगांव के समक्ष आवेदन देकर पूरे मामले की जांच, आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई और परिवार की सुरक्षा की मांग की है।
पीड़िता ने आरोप लगाया है कि उसके साथ सुनियोजित तरीके से वित्तीय धोखाधड़ी की गई और शिकायत करने के बाद उसे डराने-धमकाने का प्रयास किया गया। आवेदन में भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 की संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की मांग की गई है।
नोट: मामले में लगाए गए आरोप शिकायतकर्ता के आवेदन पर आधारित हैं। आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि और पुलिस जांच के निष्कर्ष सामने आना अभी बाकी है।






