रायपुर/जगदलपुर। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू गुरुवार से छत्तीसगढ़ के दो दिवसीय दौरे पर रहेंगी। इस दौरान वे राजधानी रायपुर और बस्तर जिले के जगदलपुर में आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों में शामिल होंगी। राष्ट्रपति के दौरे का प्रमुख आकर्षण विश्व प्रसिद्ध बस्तर दशहरा उत्सव के अंतर्गत आयोजित होने वाला पारंपरिक मुरिया दरबार होगा। राष्ट्रपति के आगमन को लेकर रायपुर और बस्तर में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। वहीं, दोनों जिलों में उनके कार्यक्रमों के दौरान यातायात व्यवस्था में बदलाव किए जाने की तैयारी है।
रायपुर में स्मारक सिक्का करेंगी जारी
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू गुरुवार सुबह करीब 11 बजे रायपुर के स्वामी विवेकानंद हवाई अड्डे पहुंचेंगी। यहां से वे लोक भवन के लिए रवाना होंगी। लोक भवन में राष्ट्रपति पूज्य माता हासी देवी जी के सम्मान में स्मारक सिक्का जारी करेंगी।
इसके बाद राष्ट्रपति रायपुर के इंडोर स्टेडियम में नुआखाई उत्सव के अवसर पर आयोजित ‘सेवा सम्मान पर्व’ और ‘युवा प्रबोधन’ कार्यक्रम में शामिल होंगी। इन कार्यक्रमों को लेकर प्रशासन की ओर से आवश्यक तैयारियां की गई हैं।
बस्तर दशहरा के मुरिया दरबार में होंगी शामिल
राष्ट्रपति शुक्रवार को बस्तर जिले के मुख्यालय जगदलपुर पहुंचेंगी। यहां वे विश्व प्रसिद्ध बस्तर दशहरा उत्सव के अवसर पर आयोजित सार्वजनिक कार्यक्रम में शिरकत करने के साथ पारंपरिक मुरिया दरबार में भी शामिल होंगी।
मुरिया दरबार बस्तर की समृद्ध आदिवासी परंपरा और सांस्कृतिक विरासत का महत्वपूर्ण हिस्सा है। इसे आदिवासी समाज की पारंपरिक सभा और ‘आदिम जन संसद’ के रूप में भी जाना जाता है। बस्तर दशहरा के दौरान आयोजित होने वाले इस दरबार में क्षेत्र की परंपराओं, जनभावनाओं और सामाजिक विषयों को विशेष महत्व दिया जाता है।
मंत्री केदार कश्यप ने लिया तैयारियों का जायजा
राष्ट्रपति के प्रस्तावित प्रवास को लेकर जगदलपुर के लालबाग मैदान में तैयारियां अंतिम चरण में हैं। वन मंत्री केदार कश्यप ने कार्यक्रम स्थल पहुंचकर व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया और संबंधित अधिकारियों से तैयारियों की जानकारी ली।
निरीक्षण के दौरान जगदलपुर विधायक किरण सिंह देव, महापौर संजय पाण्डे, कमिश्नर डोमन सिंह, पुलिस महानिरीक्षक बी.एन. मीणा, कलेक्टर आकाश छिकारा और पुलिस अधीक्षक शलभ सिन्हा सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
सुरक्षा और यातायात व्यवस्था पर विशेष ध्यान
राष्ट्रपति के दौरे को देखते हुए रायपुर और बस्तर में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की गई है। प्रमुख कार्यक्रम स्थलों और आवागमन मार्गों पर सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए जा रहे हैं। राष्ट्रपति के काफिले की आवाजाही के दौरान यातायात मार्गों में बदलाव भी किया जाएगा, ताकि सुरक्षा के साथ आम नागरिकों की आवाजाही को व्यवस्थित रखा जा सके।
राष्ट्रपति का यह दौरा छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक विरासत, आदिवासी परंपराओं और सामाजिक आयोजनों के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। विशेष रूप से बस्तर दशहरा के मुरिया दरबार में उनकी सहभागिता से क्षेत्र की पारंपरिक सांस्कृतिक पहचान को राष्ट्रीय स्तर पर विशेष पहचान मिलेगी।











